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आपको मार्जिन मनी और लोन चार्ज डीलर को भुगतान करना चाहिए .भुगतान की गई राशि के बदले में डीलर से रसीद जरूर ले।
वाहन चोरी होने पर 24 घंटे के भीतर बीमा कंपनी के टोल-फ्री नंबर पर सूचना दें और शिकायत/संदर्भ नंबर प्राप्त करें। साथ ही नज़दीकी थाने में एफआईआर दर्ज कराएँ। यदि आप 24 घंटे के बाद सूचना देंगे तो बीमा कंपनी आपका क्लेम रिजेक्ट कर सकती है। बीमा क्लेम में सहायता के लिए अपने डीलर से संपर्क करें।
बीमा कंपनी के टोल-फ्री नंबर पर संपर्क करें और साथ ही अपने डीलर से भी बात करें। वाहन की सर्विस देने की ज़िम्मेदारी डीलर की है।
वेदिका वाहन की किसी भी क्षति या खराबी के लिए ज़िम्मेदार नहीं होगी। आपको तुरंत अपने डीलर या अधिकृत सर्विस सेंटर से संपर्क करना चाहिए और वाहन की मरम्मत करानी चाहिए। यदि आपकी समस्या 48 घंटे में हल नहीं होती है तो हमारी सहायता के लिए हमारे टोल-फ्री नंबर या शाखा से संपर्क करें।
क्रेडिट स्कोर में सुधार: समय पर भुगतान करने से आपका क्रेडिट स्कोर बेहतर होगा, जिससे भविष्य में आपको आसानी से लोन मिल सकेगा। जुर्माने से बचाव: समय पर भुगतान करने से लेट फीस या जुर्माना देने से बच सकते हैं।
दंडात्मक ब्याज (Penalty Charges): ईएमआई समय पर न चुकाने पर अतिरिक्त जुर्माना देना पड़ सकता है। क्रेडिट स्कोर पर असर: लेट पेमेंट से आपका क्रेडिट स्कोर खराब हो सकता है, जिससे भविष्य में लोन या क्रेडिट कार्ड लेना मुश्किल हो जाएगा। वसूली की कार्रवाई: लगातार ईएमआई न चुकाने पर लीगल नोटिस भेजा जा सकता है या रिकवरी एजेंट आ सकते हैं। संपत्ति की जब्ती: यदि लोन वाहन पर है तो वाहन ज़ब्त किया जा सकता है।